Flash Story
कमेड़ा गांव पहुंचीं जिलाधिकारी, जन चौपाल में सुनी ग्रामीणों की समस्याएं
कमेड़ा गांव पहुंचीं जिलाधिकारी, जन चौपाल में सुनी ग्रामीणों की समस्याएं
“देवभूमि में सड़कों पर नमाज़ नहीं होने देंगे, कानून से ऊपर कोई नहीं” — सीएम धामी
“देवभूमि में सड़कों पर नमाज़ नहीं होने देंगे, कानून से ऊपर कोई नहीं” — सीएम धामी
CBSE ने बढ़ाई आवेदन की अंतिम तिथि, अब 24 मई तक मिलेगी उत्तरपुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी
CBSE ने बढ़ाई आवेदन की अंतिम तिथि, अब 24 मई तक मिलेगी उत्तरपुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी
स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रायपुर का किया औचक निरीक्षण
स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रायपुर का किया औचक निरीक्षण
डेंगू-चिकनगुनिया को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, सभी जिलों को व्यापक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश
डेंगू-चिकनगुनिया को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, सभी जिलों को व्यापक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश
उतार-चढ़ाव के बीच शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स-निफ्टी बढ़त के साथ बंद
उतार-चढ़ाव के बीच शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स-निफ्टी बढ़त के साथ बंद
स्वाद बढ़ाने वाली टोमैटो सॉस कहीं सेहत के लिए खतरा तो नहीं? जानिए क्या कहते हैं विशेषज्ञ
स्वाद बढ़ाने वाली टोमैटो सॉस कहीं सेहत के लिए खतरा तो नहीं? जानिए क्या कहते हैं विशेषज्ञ
वन संपदाओं को नुकसान पहुंचाने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए- मुख्यमंत्री
वन संपदाओं को नुकसान पहुंचाने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए- मुख्यमंत्री
टीआरपी की रेस में नए शोज का जलवा, ‘वसुधा’ बनी दर्शकों की पहली पसंद
टीआरपी की रेस में नए शोज का जलवा, ‘वसुधा’ बनी दर्शकों की पहली पसंद

महात्मा गांधी का रामराज्य आज भी प्रासंगिक और आवश्यक- पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद

महात्मा गांधी का रामराज्य आज भी प्रासंगिक और आवश्यक- पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद

परमार्थ निकेतन पहुंचे पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, हुआ भव्य स्वागत

पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक न्याय पर रखे विचार

ऋषिकेश। पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने अपनी पत्नी सविता कोविंद और बेटी स्वाति कोविंद के साथ ऋषिकेश स्थित परमार्थ निकेतन आश्रम का दौरा किया। उनके स्वागत में आश्रम के ऋषिकुमारों ने वैदिक मंत्रोच्चारण, शंखनाद और पुष्प वर्षा के साथ पारंपरिक अभिनंदन किया।

आश्रम में स्वामी चिदानंद सरस्वती और पूर्व राष्ट्रपति कोविंद के बीच भारतीय संस्कृति, महात्मा गांधी के आदर्शों और मूल्यों पर गहन चर्चा हुई। इस अवसर पर स्वामी चिदानंद ने कोविंद को रुद्राक्ष का पौधा भेंट कर मां गंगा के तट पर उनका स्वागत किया।

स्वामी चिदानंद सरस्वती ने कहा कि रामनाथ कोविंद का जीवन सादगी, समर्पण और भारतीय मूल्यों का प्रतीक है। एक साधारण ग्रामीण पृष्ठभूमि से देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक की उनकी यात्रा संपूर्ण समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा, “भारतीयता केवल एक भौगोलिक पहचान नहीं, बल्कि एक जीवंत भावना है, जिसमें विविधता में एकता, संस्कृति में श्रद्धा और सह-अस्तित्व का भाव समाहित है।”

रामनाथ कोविंद ने महात्मा गांधी के ‘रामराज्य’ की अवधारणा को रेखांकित करते हुए कहा कि यह केवल धार्मिक विचार नहीं, बल्कि एक ऐसी सामाजिक संरचना है जिसमें कोई भूखा न हो, कोई शोषित न हो और सभी को समान अधिकार और सम्मान मिले। उन्होंने परमार्थ निकेतन के पर्यावरणीय प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि गंगा एक्शन परिवार, ग्लोबल इंटरफेथ वॉश एलायंस और स्वच्छता व जल संरक्षण अभियान आज के दौर में वैश्विक प्रेरणा बन रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top